Ghanshyam Tiwari
yesterday at 12:25. Facebook
सम्पर्क पोर्टल पर ही नौ लाख समस्याओं का निस्तारण कर दिया गया जबकि ज़मीन पर अब भी वह समस्या बनी हुयी है, इस विषय पर सदन का ध्यान आकर्षित करते हुए।
कोंग्रेस को तो जनता ने नकार दिया लेकिन लोगों की समस्या का निवारण नहीं हुआ तो वो हमें (भाजपा) भी माफ़ नहीं करेंगें
Ghanshyam Tiwari
yesterday at 06:07. Facebook
आज़ादी के सिपाही भगतसिंह, राजगुरु, सुखदेव की शहादत पर नमन।
Ghanshyam Tiwari
03/22/2017 at 13:34. Facebook
हमारी स्वन्त्रता ही लोकतंत्र का परम लक्ष्य है।
Ghanshyam Tiwari
03/17/2017 at 12:51. Facebook
प्रदेश में बिजली की समस्या का समाधान तभी होगा जब हर गांव हर कस्बा उर्जा स्वाधीन होगा।
जब तक किसान को बिजली और मजदूरी फ्री नहीं मिलेगी तब तक खेती लाभदायक नहीं होगी।
किसानों का ऋण माफ़ होना ही चाहिए, अन्नदाता को अनुदान नहीं प्रोत्साहन राशि(incentive) मिलनी चाहिए
विधानसभा की उपयोगिता तब है जब सदन सुचारू रूप से चले और राज्य हित के कार्यों पर बहस हो। इस विषय पर मैंने विधानसभा में सभी सदस्यों का ध्यानाकर्षित किया।
आप सभी को होली की हार्दिक शुभकामनाएं।
राजनीति में अच्छे लोग निरंतर प्रवेश करें इसलिए राजनीतिक शुचिता का कार्य करना होगा। धूर्त और कपटी लोगों को बाहर का रास्ता दिखाना होगा।
वाहिनी से जुड़ें 9602102102 पर मिस्ड कॉल दें।
स्वतंत्र भारत के प्रथम राष्ट्रपति को सादर नमन।
आज़ाद हैं, आज़ाद ही रहेंगें।
- चंद्रशेखर आज़ाद
वर्ष 1984 में माननीय अटल बिहारी वाजपेयी के साथ एक रैली में। तब मैं युवा मोर्चा का प्रदेश अध्यक्ष था और सीकर से विधायक। मेरा सौभाग्य है कि अटल जी और भैरोंसिंह जी जैसे राजनेताओं से मुझे संसदीय कार्य और राजनीति सीखने का मौका मिला।
कल भीलवाड़ा में वाहिनी की जिला बैठक हुई, राजनीतिक दलों में बढ़ते धनबल के उपयोग और धूर्तों को बाहर निकाले बिना राजनीति स्वच्छ नहीं हो सकती। और इसलिए पार्टियों में आंतरिक लोकतंत्र आवश्यक है।
वाहिनी इसके लिए प्रयासरत है 9602102102 पर मिस्ड कॉल दे कर वाहिनी से जुड़ें।
एक बार करवट तो बदलो सारा जग जयकार करेगा।
वाहिनी से जुड़ें 9602102102 पर मिस्ड कॉल दें।
पार्टियों में आंतरिक लोकतंत्र के बिना भारत में लोकतंत्र सुदृढ़ नहीं हो सकता।
वाहिनी इस के लिए कृतसंकल्पित है।
वाहिनी से जुड़ने के लिए 9602102102 पर मिस्ड कॉल दें।
हर सरकार को यह समझ लेना चाहिए कि जनता का विश्वास ही विश्वास मत है।
गीत नया गायेंगें,
नवचेतन से नवसृजन कर नवयुग हम बनायेंगें।
गीत नया गायेंगें ।